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रहीम दर्शन-छोटा आदमी कम महत्वपूर्ण नहीं होता

कविवर रहीम कहते है कि------------------------------- रीति प्रीति सबसों भली, बैर न हित मित गोतरहिमन याही जनम की, बहुरि न संगति होत इस जीवन में सबसे प्रेम से पेश आओ। न किसी से बैर करो न अपने मित्र और गौत्र से हित की चाह करो। यह मनुष्य जीवन फिर मिलेगा कि
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