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राग बहार-विलायत खाँ साहब-पल्लवी पोटे

राग बहार का संक्षिप्त परिचय -थाट- काफीजाति-षाडव-षाडवस्वर-गंधार कोमल ,दोनों निषादों का प्रयोग ,आरोह में रे ,अवरोह में ध स्वर वर्ज्यवादी स्वर-मसंवादी स्वर-सागायन-वादन समय -मध्य रात्रिन्यास के स्वर- सा,म और पसम्प्रकृति राग-मियाँ मल्हारविशेषता -प्राचीन
 
पारूल
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