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उ०प्र० में बिजली अब उद्योग

उत्तर प्रदेश सरकार ने अब यह मान लिया है कि बढ़ती हुई ऊर्जा ज़रूरतों से निपट पाना अब सार्वजानिक क्षेत्र और सरकार के बस की बात नहीं रह गयी है. ऊर्जा विभाग की एक बैठक में यह निर्णय लिया गया है कि अब बिजली के क्षेत्र में उत्तर प्रदेश में आने वाले उद्योगपतियों
 
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असुरक्षित हवाई यात्रा ?

कल जिस तरह से त्रिची के एयर स्पेस में इंडियन और जेट के विमान खतरनाक तरीके से एक दूसरे के सामने आ गए उससे लगता है कि वर्तमान में भारतीय हवाई यात्रायें कुछ हद तक असुरक्षित हो चली हैं. वैसे तो दोनों पायलटों की सूझ-बूझ से २४२ यात्रियों की जान तो बच गयी पर इस
 
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अब भी चेत जाये रेलवे....

ज्ञानेश्वरी एक्सप्रेस की दुर्घटना के बाद अब फिर से रेलवे में सुरक्षा को लेकर तमाम बातें की जाने लगी हैं. अब यह कहा जा रहा है कि यदि इस ट्रेन में लिंक हाफमैन बुश वाली बोगियां लगी होतीं तो शायद मरने वालों की संख्या इतनी अधिक नहीं होती ? इन बातों का अब कोई
 
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अमन की आशा और हम ?

भारत-पाक के नागरिकों को आपस में और करीब लाने के उद्देश्य से शुरू की गयी एक मुहिम "अमन की आशा" के तहत भारत और पाक की महिला उद्योगपतियों का एक सम्मलेन आयोजित किया गया. इस सम्मलेन में आई महिलाओं ने भारत में महिलाओं की तरक्की पर ख़ुशी ज़ाहिर की और कहा कि ऐसा
 
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केवल क्रिकेट ही क्यों ?

देश में लगता है अब लोग बहुत खाली रहने लगे हैं. आज जिधर देखो केवल क्रिकेट की बातें ही होती हैं जिन्हें इस खेल के बारे में कुछ भी नहीं पता वे भी विशेषज्ञों की तरह सलाह देते दिखाई देते हैं. भारत के १९८३ में विश्व कप जीतने के बाद इस खेल के लिए कुछ ऐसी
 
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न्यायपालिका में भ्रष्टाचार चिंताजनक

करीब तीन साल तक देश के मुख्य न्यायाधीश के पद को सुशोभित करने के बाद रिटायर होने की पूर्व संध्या पर न्यायमूर्ति के जी बालाकृष्णन ने न्यायपालिका में भी भ्रष्टाचार की पहुँच होने को चिंताजनक बताया. उन्होंने कहा कि देश में जजों और मुक़दमों की संख्या को देखते
 
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शेरों की संख्या बढ़ी

बहुत दिनों के बाद वन्य जीव प्रेमियों के लिए गुजरात से बहुत अच्छी खबर आई है. गुजरात के मुख्यमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शेरों की संख्या के बारे में बताया कि २००५ के मुकाबले इनमें ५२ की वृद्धि हुई है. जिस तरह से गुजरात में सरकार और लोगों ने मिलकर जंगल के राजा
 
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खेल संघों में सफाई

खेल मंत्री एम एस गिल ने जिस तरह से यह कहा है कि नए संशोधन के बाद खेल संघों के पदाधिकारी १० साल से अधिक समय तक अपने पदों पर नहीं रह पायेंगें उससे निश्चित ही खेलों के लिए कुछ अच्छा होने वाला है . सरकार में इस नए संशोधन की आवश्यकता बहुत दिनों से महसूस की जा
 
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गेंहूँ खरीद और किसान

हर वर्ष की तरह इस बार भी पूरे देश में गेंहूँ की खरीद के लिए क्रय केंद्र बनने के साथ ही फिर से अनाज खरीद में दलाली का खेल सामने आने लगा है. अभी तक जो दावे किसानों के लिए किये जाते हैं उनमें से किसी में भी सरकारों को सफलता मिलती नहीं दिखाई देती है और किसान
 
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हम सुधरेंगे,युग सुधरेगा

आजकल आई.पी.एल. विवाद ज़ोरों पर है...........जाने कितने ही लोग इन सब के पीछे हैं..........जो कुछ दिनों में सामने आ जायेंगे और कितने ऐसे हैं,जो सामने नहीं आयेंगे....अपनी ताकत के बल पर या यूँ कहें की अपने ऊँचे कनेक्शन की वजह से....हम सभी अक्सर भ्रष्टाचार की
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गर्मी और पानी....

क्या किसी ने इस बात पर ध्यान दिया है कि इस बार गर्मी ने जिस तरह से अपने तेवर दिखने शुरू किये हैं उसको देखते हुए कहीं पर भी सार्वजानिक रूप से पानी पिलाने की कोई पक्की व्यवस्था कहीं भी नहीं दिखाई देती है जबकि पिछले वर्ष इसी समय हर जगह पर पानी तो क्या शरबत
 
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आई पी एल और पैसा ?

क्रिकेट की दुनिया में आई पी एल ने जिस तरह से तहलका मचाया हुआ है उसके शोर में बहुत सारे मुद्दे दबे जा रहे हैं. कोचीन की टीम की नीलामी में जिस तरह से शशि थरूर और ललित मोदी पर वित्तीय अनियमितता का आरोप लग रहा है उसकी अनदेखी अब केंद्र सरकार नहीं कर सकती है.
 
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सीटीबीटी और भारत..

अमेरिका के राष्ट्रपति बराक ओबामा के अनुमोदन के बाद अब सी टी बी टी पर जल्द ही भारत को भी हस्ताक्षर करने ही होंगें क्योंकि अभी तक भारत ने अपनी तरफ से यही कहा है कि जब तक अमेरिका और चीन इस पर हस्ताक्षर नहीं करते और इसका पूरी तरह से अनुमोदन नहीं करते हैं
 
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ज़हरीली शराब और सरकारी तंत्र

    देश में जिस तरह से रोज़ ही कहीं न कहीं ज़हरीली शराब पीकर लोगों के मरने का सिलसिला जरी है वह बहुत ही चिंता का विषय है. सरकारें शराब को सामाजिक बुराई तो मानती हैं पर राजस्व के लालच में किसी भी सरकार ने इस पर पूर्णतया रोक लगाने की बात कभी नहीं
 
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चोगा और औपनिवेश वाद ?

                                चित्र दैनिक भास्कर से साभार  भोपाल में अपने आई आई एफ़ एम के
 
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भाजपा और स्वामी रामदेव

भाजपा ने जिस तरह से स्वामी रामदेव से अपील की है कि वे अपनी अलग पार्टी न बनायें उससे तो यही लगता है कि मानसिक स्तर पर भाजपा ने यह मान लिया है कि उसके पास एक सीमित वोट बैंक ही है और इस नयी पार्टी से केवल उसका ही नुकसान होने वाला है. गडकरी ने जिस तरह से यह
 
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राष्ट्रीय स्तर के खिलाडी का हाल...

देश में सरकारें खेलों के विकास के लिए चाहे जितनी बड़ी बातें करें पर ज़मीनी स्तर पर सच्चाई कितनी कड़वी हो सकती है यह राजस्थान के भरतपुर जिले के पहलवान टिंकू खान के बारे में जानकर पता चल जाता है. खान ने ९९/२००० में राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में प्रदेश
 
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आयकर में राहत...

२०१०-११ के बजट में आम आदमी या इस तरह से कहा जाए कि वेतनभोगियों के लिए आयकर ने एक बड़ी राहत दी है तो ठीक ही होगा. अभी तक देश में विभिन्न करों की दरें पूरी तरह से तर्क संगत नहीं बनायीं जा सकी हैं जिसके चलते लोग पूरी ईमानदारी से टैक्स नहीं देना चाहते हैं.
 
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क्रिकेट परीक्षा के समय ही क्यों ?

कहा जाता है कि भारत में दो ही चीज़ें हैं जो पूरे देश को जोड़ कर रखती हैं रेल और क्रिकेट ! कल का दिन दोनों का ही था इन दोनों मसलों पर सारा देश सब कुछ भूल सा जाता है. रेल जहाँ हमारी आवश्यकता है वहीं क्रिकेट हमारी दीवानगी.... कल पूरे दिन ही दोनों ने खूब
 
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ममता की समता रेल

जैसा कि हम सभी जानते हैं कि रेल मंत्री ममता बनर्जी जनता की सक्रिय राजनीति से जुडी हुई हैं तो इस बार के रेल बजट में मंहगाई के दबाव को देखते हुए भी किसी भी दर्जे के किराये में बढ़ोत्तरी का प्रस्ताव शायद ही उनकी तरफ़ से आये. भारतीय रेल बजट दुनिया के सबसे
 
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हरियाणा में शादियाँ

         हरियाणा के फतेहाबाद जिले में हुई एक घटना ने लोगों को सोचने पर मजबूर कर दिया है कि जिस तरह से उन्होंने पिछले  दो दशकों में भ्रूण परीक्षण करवा कन्या भ्रूणों की हत्या की थी उसका फल आज पूरा समाज भुगतने को अभिशप्त
 
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कीमतों पर मनमोहन

अच्छा ही हुआ कि दिल्ली में राज्यों के मुख्य सचिवों की बैठक में प्रधान मंत्री ने जिस तरह से यह कहा कि  सभी राज्यों को मिलकर मंहगाई से निपटने की योजना तैयार करनी होगी वह निश्चित ही समय की मांग है. किसी एक राज्य में कीमतों पर काबू रख कर पूरे देश में
 
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कोहरे से परेशान यातायात

जैसा कि हम सभी जानते हैं कि वर्ष के इस हिस्से में उत्तर भारत में बहुत व्यापक रूप से कोहरे का असर रहता है. अभी तक हमारे देश में कोई ऐसी प्रणाली नहीं विकसित की जा सकी है जो इस मौसम की मार से परिवहन के साधनों को बचा सके और विमान, रेल तथा सड़क पर चलने वाले
 
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कुम्भ में भी मैली गंगा.....

फिलहाल कुम्भ मेले की तैयारियों के बीच एक ऐसी रिपोर्ट आई है जो गंगा में श्रद्धा रखने वालों के लिए बहुत ही कष्ट देने वाली है. रिपोर्ट के अनुसार इस कुम्भ में गंगा हरिद्वार में भी डुबकी लगाने के लिए सुरक्षित नहीं है. ज्वालापुर में इसकी हालत सबसे बुरी मिली
 
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पाक में आतंकी ढांचा ?

क्या कारण है कि भारत सरकार आसानी से कभी भी यह बात आधिकारिक तौर पर नहीं कह पाती है कि पाक में आतंकी ढांचा बहुत मज़बूत है. इस बात को अब विदेश सचिव निरुपमा राव ने भी स्वीकार कर लिया है. उन्होंने कहा कि ज़रदारी ने पाक अधिकृत कश्मीर कि विधान सभा में जिस तरह से
 
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प्राथमिक शिक्षा की दुर्दशा

देश में प्राथमिक शिक्षा पर एक संस्था प्रथम द्वारा जो रिपोर्ट जारी की गयी है वह वास्तव में ही आँखें खोलने वाली है. आज के समय में जिस तरह से सरकार की प्राथमिकता में बच्चों को केवल साक्षर करने के लिए ही प्रयास किये जा रहे हैं जिसका असर सीधे ही अब दिखाई देने
 
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मंहगाई की राजनीति..

आज जिस तरह से देश में आवश्यक चीज़ों के दाम बढ़ते ही जा रहे हैं उसका असर बहुत जल्द लोगों को और परेशान करने वाला है. मंहगी होती वस्तुओं के बारे में जिस तरह से केंद्र और राज्य सरकारें अपनी ज़िम्मेदारियों को एक दूसरे की तरफ उछाल रहे हैं उससे तो बाज़ार में
 
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विमान अपहरण पर सख्त कानून..

मंत्रियों के समूह ने जिस तरह से विमान अपहरण करने वालों को मौत की सजा देने का प्रावधान किया है वह बहुत देर से उठाया गया सही कदम है. देश को सुरक्षित रखने के लिए जो कुछ भी बन पड़े किया जाना चाहिए पर कुछ भी करने से पहले उस तरह के हादसों का इंतज़ार भी नहीं
 
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सपा में समस्या...

अमर सिंह के इस्तीफे के बाद से जिस तरह से दबी ज़ुबान में ही सही पार्टी में उनके खिलाफ लोग बोलने लगे हैं  उससे यही लगता है कि यह प्रकरण पार्टी को दूर तक खींचना पड़ेगा. यह बात सभी लोग जानते हैं कि अमर सिंह एक बहुत अच्छे प्रबंधक हैं और ऐसी स्थिति में जब
 
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सरकारी संवेदना ?

देश में नेताओं के किस्से तो बहुत समय से ही भावुक और संवेदन शील लोगों के कलेजे को चीरते रहे हैं पर कल तमिलनाडु के तिरुनेलवेली जिले में जो कुछ घटा उससे अपने मनुष्य होने पर भी घृणा आती है. अपराधियों के द्वारा घायल किये गए ४४ वर्षीय पुलिस अधिकारी वेट्रिवेल
 
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एम सी डी में भ्रष्टाचार...

भ्रष्टाचार की परतें तो पूरे देश में ही खुलती रही हैं पर जिस तरह से दिल्ली नगर निगम ने अपने भ्रष्ट और निलंबित कर्मचारियों को बहाल करने में बेशर्मी दिखाई है वैसा उदाहरण शायद ही कहीं और मिले. अनियमितता के आरोप में सी बी आई ने जिन कर्मचारियों को भ्रष्टाचार
 
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गृह मंत्रालय का विभाजन

गृह मंत्री पी चिदंबरम ने जिस तरह से आंतरिक सुरक्षा के मुद्दे पर एक सम्मलेन में यह कहा की देश में अब समय आ गया है कि इस मंत्रालय का विभाजन कर दिया जाये. साथ ही उन्होंने यह भी कहा की यदि अभी इस विभाजन की बात नहीं की जा सकती तो इस पर बराबर ध्यान देने की
 
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लोकसभा में महिलाएं ...

लोकसभा में सुषमा स्वराज के नेता विरोधी दल बनने पर जहाँ भारत की सांसद में महिलाओं का प्रतिनिधित्व और प्रभाव और बढ़ा है तब भी महिला आरक्षण विधेयक के बारे में कुछ भी ठीक तरह से सोचा नहीं जा रहा है। देश में आज संसद में जिस तरह से महिलाओं के हाथ में बहुत
 
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डी आर डी ओ और सुरक्षा

रक्षा शोध एवं अनुसन्धान संगठन (डी आर डी ओ) अब आतंकी चुनौतियों से निपटने के लिए दीवार के आर-पार देख सकने वाला रडार बनाने जा रहा है। सैनिक ज़रूरतों से निपटने और उन्हें पूरा करने के लिए तो संगठन बहुत दिनों से काम कर ही रहा है। अब कम तीव्रता के हमलों के स
 
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सरकारी ज़मीन और पूजा स्थल

सर्वोच्च न्यायालय ने जिस तरह से कल सख्ती से राज्य सरकारों से इस बात की जानकारी चाही है कि अब सरकारी ज़मीन पर कोई भी अवैध धार्मिक स्थल नहीं बन सकता है। धर्मिक स्थलों के विवादों के चलते न्यायालय ने राज्यों से यह हलफनामा देने को कहा था कि वे बताएं कि उन
 
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बढ़ता तापमान

कोपेनहेगेन सम्मलेन से पहले तापमान वृद्धि के जो आंकड़े सामने आए हैं वे पहले वाले अनुमानों से कहीं अधिक है। पहले यह दर ३/३.५ % रहने का अनुमान लगाया जा रहा था पर अब जब वास्तविकता सामने आई है तो ये सब अंदाज़ से बहुत अधिक है। अब जब सम्मलेन शुरू होने ही जा
 
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अब प्लास्टिक बैग

दिल्ली सरकार ने अधिसूचना जारी कर प्लास्टिक के झोलों/थैलों पर पाबन्दी क्या लगा दी एक अच्छा काम भी अदालत में पहुँच गया। देश में क्या सारी दुनिया में कुछ पर्यावरण प्रेमी बिल्कुल शुरू से ही प्लास्टिक के उत्पादों पर रोक लगाने की बात करते रहे हैं। यह सही ह
 
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कोपेनहेगेन सम्मलेन..

कोपेनहेगेन सम्मलेन से ठीक पहले भारत ने इस बात का ऐलान कर दिया कि वह स्वयं ही २०२० तक २०/२५ % कार्बन उत्सर्जन कम करने के लिए तैयार है। साथ ही भारत ने इस बात पर कड़ा ऐतराज़ किया है कि इसके लिए कोई समय सीमा निर्धारित नहीं होनी चाहिए। जब भारत स्वयं ही इस
 
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अब मुंबई की रिपोर्ट

अभी लिब्राहन आयोग की रिपोर्ट लीक होने की ख़बर पुरानी नहीं हुई थी अब एक टी वी चैनल ने यह दावा कर दिया की उसके पास मुंबई हमलों की जांच की राम प्रधान समिति की रिपोर्ट है। हालांकि राम प्रधान ने ऐसी किसी भी ख़बर से इंकार कर दिया है पर चैनल का दावा है इसमे
 
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वंदे मातरम मदरसे में

देश आज फिर से वंदे मातरम् गाने या न गाने की बहस में उलझा हुआ है। क्या किसी ने इस बात पर कभी विचार किया है कि क्या इस बात से अनजान कोई एक ऐसी दुनिया भी भारत के किसी कोने में हो सकती है जिसे मदरसा कहा जाता है और जहाँ पर वंदे मातरम् के बाद कुरान पढ़ाई ज
 
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