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कविवर एकान्त श्रीवास्तव की कवितायें -

छवि: एकान्त श्रीवास्तव-परिचय- आप विगत दो वर्षो से भारतीय भाषा परिषद, कोलकाता की मानक पत्रिका ‘वागर्थ’ के संपादक हैं। समकालीन कविता में आपका योगदान अविस्मरणीय रहा है जो आपके लेखन से ही स्वस्पष्ट है। हिन्दी के प्रखर आलोचक डा. नामवर सिंह जी के शब्दों में
 
सुशील कुमार