गजल

Deepak Kumar मुहब्बत एक जज्बा है, पैगाम आने भी दो ।अगर तुम तलाश चुके, एक मौका हमें भी दो ॥समुद्र में उठ्ती लहरें , छेड़ जाती हैं अकसर ।खामोशी से तलाश कर, कुछ मोती हमें भी दो ।।न होती यह मय की दुनियां, तो तुम क्या होते ।सबक किसी से कर हांसिल, कुछ जवाब हमें भी दो॥टूटे... [पूरी पोस्ट]
writer Deepak Kumar
views
13
upvote
3
downvote
0
rating
3
comments
4
[10 Jun 2010 13:35 PM]

Free Vedic Astrology From Astrobix