क्या सच मे हमने बहुत तरक्की कर ली है?क्या सच मे हम पढे-लिखे कहलाने का हक है?

अमीर धरती गरीब लोग कहने को हमने बहुत तरक्की कर ली है मगर इक्कसवी सदी मे जब हम छुआछूत की बात करते हैं तो हमारी तरक्की की पोल खुल जाती है.इंसान होकर जब हम इंसान को सिर्फ़ एक बीमारी की वजह से अलग-थलग बस्ती बसाकर जीने पर मज़बूर कर देते हैं तो खुद हमारी इंसानियत पर सवाल खडे हो... [पूरी पोस्ट]
writer Anil Pusadkar
views
47
upvote
7
downvote
1
rating
6
comments
13
[10 Jun 2010 10:30 AM]

Free Vedic Astrology From Astrobix