पिछ्ले बकवास की व्याख्या

अधूरा सपना सौरभ भैया मुझसे नाराज चल रहे हैं, नाराजगी जायज भी है…… हमारे जैसे दोस्त केवल नाराज ही तो कर सकते हैं…… करें भी तो क्या करें!! हम ठहरे निठल्ले, दिन भर फालतू की बकवास लिखते रहते हैं.… मेरी बकवास “शायद वहाँ रात नहीं हुआ करती…” पढ़कर पिछले दिनों उन्होंने जम... [पूरी पोस्ट]
writer Manish
views
11
upvote
0
downvote
0
rating
0
comments
2
[25 May 2010 23:34 PM]

Free Vedic Astrology From Astrobix