इंसान की कीमत कितनी?

अपना पराया हादसा, मौतें और मुआवजा। यह इंसान की नीयत बन चुकी है। हर हादसे के बाद मुआवजे का ऐलान होता है। यह घोषणा वसुधैव कुटुम्बकम की तरह अब भारतीय संस्कृति की पहचान बन चुकी है। पर, यहां भी मुआवजे की राशि कई जातियों में बंटी पड़ी है। यदि आप प्लेन दुर्घटना में अपनी... [पूरी पोस्ट]
writer ram shankar
views
16
upvote
3
downvote
0
rating
3
comments
1
[23 May 2010 03:23 AM]

Free Vedic Astrology From Astrobix