शैतान की दुकान
बदलती हुई दुनिया के साथ ताल-से-ताल मिलकर चलने की इच्छा से शैतान ने यह तय किया कि वह अपने प्रलोभनों के पुराने स्टॉक को सस्ते में निकाल देगा. उसने अखबार में इसके लिए एक विज्ञापन भी छपवा दिया और उसकी दुकान में ग्राहकों की भीड़ लगने लगी. टेबलों पर करीने से...
[पूरी पोस्ट]
Nishant
अन्य कथाएँपाउलो कोएलो
14
2
0
2
5
[19 May 2010 21:30 PM]



Shuffle








