फिर शब्दों के सिर कटते हैं

दिल से कभी कभी सोचता हूँ की लिखना कितना आसान होता है, गरीबी पर, अनपढ़ गरीब बच्चो पर, भूखे बच्चों पर, प्रताड़ित औरत पर, प्रेम पर, संवेदना पर, जुदाई पर, रिश्तों पर,  ईमानदारी पर, आत्मसम्मान पर, ,माँ पर, आज़ादी पर या और भी बहुत कुछ है जिस पर हम बहुत... [पूरी पोस्ट]
writer nilesh mathur
views
27
upvote
4
downvote
0
rating
4
comments
18
[17 May 2010 03:54 AM]

Free Vedic Astrology From Astrobix