उसके लिए ...
मिट्टी के चूल्हे पर शर्मीली आँखों का तवा रखख़्वाबों की रोटियाँ सेंक ली हैलरज़ते ख्यालों की सब्जी मेंप्यार का तड़का लगाया हैउसके आने की खुशबूहवाओं में फैली हैइंतज़ार की अवधि को जायकेदार नमक के साथकुरमुरा बनाया हैमनुहार की चाशनी उसे रोक ही लेगी ......
[पूरी पोस्ट]
रश्मि प्रभा...
सर्वाधिकार सुरक्षित
35
4
0
4
25
[12 May 2010 12:07 PM]



Shuffle








