हिन्दू धर्म संदेश-योग साधना से मन मजबूत होता है
प्रच्छर्दनविधारणाभ्यां वा प्राणस्य। हिन्दी में भावार्थ-प्राणवायु को बाहर निकालने और अंदर रोकने के निरंतर अभ्यास चित्त निर्मल होता है। विषयवती वा प्रवृत्तिरुपन्न मनसः स्थितिनिबन्धनी।। हिन्दी में भावार्थ-विषयवाली प्रवृत्ति उत्पन्न होने पर भी मन पर नियंत्रण...
[पूरी पोस्ट]
दीपक भारतदीप
web duniahindu thoughthindu dharmweb duniya
14
1
0
1
0
[10 May 2010 23:25 PM]



Shuffle







