मां

कविताओं के मन से दोस्तों , करीब २ साल पहले मैंने ये कविता लिखी थी , आज mother's day पर फिर से ये कविता ब्लॉग पर दे रहा हूं . मेरी माँ नहीं है और मुझे हमेशा ही माँ की जरुरत  रही है .. ... मैंने ईश्वर को नहीं देखा  ,लेकिन माँ को देखा है .. और मुझे लगता है की माँ... [पूरी पोस्ट]
writer Vijay Kumar Sappatti
views
25
upvote
2
downvote
0
rating
2
comments
21
[08 May 2010 22:41 PM]

Free Vedic Astrology From Astrobix