...भ्रम टूटने के लिये अभिशप्त होते हैं
अपने देश में मा्ननीय न्यायाधीश महोदयो द्वारा समाज के प्रभावशाली वर्ग को फ़टकारते रहने का रिवाज है। उनकी समझाइश के दायरे में राजनेता, नौ्करशाह , मास्टर,पढ़वैया बच्चे वगैरह आते हैं। नये मनोनीत माननीय मुख्य न्यायाधीश महोदय ने समझाइश का दायरा बढ़ाकर न्यायधीशों...
[पूरी पोस्ट]
अनूप शुक्ल
अनूप शुक्ल
47
4
0
4
21
[03 May 2010 00:30 AM]



Shuffle







