थू है उनपर !
माफ़ करें किन्तु यह शीर्षक उन लोगों के लिए है जो मानसिक दिवालेपन के कारण अपने एक बड़े ही संजीदा ब्लाग लेखक फिरदौस जी को अनाप सनाप लिखकर अपनी गन्दगी को फैला रहे हैं. वर्त्तमान में इस बेनामी लोगों कीबाढ़ सी आ गयी है जिनकी कोई पहचान नहीं है और गलत नामों से...
[पूरी पोस्ट]
aarya
82
6
1
5
14
[20 Apr 2010 13:50 PM]



Shuffle








