चंद लम्हे ..उस मुलाकत के ...!!!
चंद लम्हों की मुलाकात बनी सबब जिन्दगी की ,ता उम्र साथ मिलता तो क्या बात थी ।!संवर जाती सूरत मेरे आने वाले कल की ,हमेशा आफ़ताबे -नूर होता तो क्या बात थी ।! यूँ न छोडो भंवर में किश्ती मेरी जिन्दगी की ,तुम किश्ती की पतवार बनती तो क्या बात थी ।! गर डूबे...
[पूरी पोस्ट]
कमलेश वर्मा
जज्बा
11
0
0
0
10
[12 Apr 2010 11:45 AM]



Shuffle








