!वो बचपन याद आता है!
आज भी मुझे अपना वो बचपन याद आता है,खेलते थे जहाँ क्रिकेट, वो आँगन याद आता है..बचपन के उन यारों को मैं भूला नहीं,ये सावन के बाद पेड़ों से हट जाने वाला झूला नहीं...नए खिलोने देख कर, पुराने भूलना याद आता है,माँ कि लोरियां सुनके सो जाना याद आता है..वो नानी कि...
[पूरी पोस्ट]
रीतेश रंजन
18
0
0
0
4
[11 Apr 2010 14:28 PM]



Shuffle








