आवारा है वो
उथले समुन्दर का फेला किनारा है वो,
शायद मुझ जैसा ही आवारा है वो|
वो सही बेवफा ज़माने की नज़र में,
हर हाल में मुझे गवारा है वो| उसे नहीं आरजू किसी से कोई,
तन्हा अपना खुद सहारा है वो|
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वीर
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[01 Apr 2010 23:49 PM]



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