कुम्भकर्ण वध - युद्धकाण्ड (13)
शोकमग्न रावण को धैर्य बँधाकर कुम्भकर्ण युद्धभूमि में पहुँचा। स्वर्ण कवच से सुसज्जित कुम्भकर्ण ने हाथों में विद्युत के सदृश प्रकाशित भयंकर शूल उठा रखा था। लाखों चुने हुये सैनिकों को लेकर रणभूमि में पहुँचते ही उसने पृथ्वी को कँपा देने वाली भयंकर गर्जना की...
[पूरी पोस्ट]
जी.के. अवधिया
युद्धकाण्ड
19
0
0
0
2
[01 Apr 2010 23:45 PM]



Shuffle








