सत्तू

मेरी कहानियां ........अब मेरी , ख़ास इज्जत होने लगी ,ज़ेबा जी के स्टाफ मेंकरीब दस रोज हो चुका था ,उनके साथ काम करते हुए । मैं जानताथा ,मुझ पे इतना सब खर्च जो हो रहा है ....उसके पीछे कुछ न कुछ ,कोई बात जरुर है ,हीरो खान के साथ एक फिल्म थी जो पूरी हो गयी है.....उस दिन... [पूरी पोस्ट]
writer भंगार
views
15
upvote
0
downvote
0
rating
0
comments
0
[01 Apr 2010 07:33 AM]

Free Vedic Astrology From Astrobix