आईने में
फिर सर झुकाये दिखे हम आईने में,
फिर खुदको छुपाये दिखे हम आईने में|
जो अक्स धुंधला दिया वक्त ने,
उससे फिर घबराये दिखे हम आईने में|
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वीर
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[01 Apr 2010 04:56 AM]



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