पछतायेगा
मुझको खुदा मत बना पछतायेगा!
मैं बंदगी नहीं इखलास का प्यासा हूँ,
मुझको इबादत मत बना पछतायेगा|
है मुझ में दर्द कई, मैं भी नाराज़ हूँ खुदसे,
मुझको फरिश्ता मत बना पछतायेगा|
मैं हासिल से दूर ही भला, खाली हाथ जाऊँगा|
मुझको सिकंदर मत बना...
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वीर
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[30 Mar 2010 06:02 AM]



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