गीत: ओ! मेरे प्यारे अरमानों --संजीव 'सलिल'
गीत:ओ! मेरे प्यारे अरमानोंसंजीव 'सलिल'*ओ! मेरे प्यारे अरमानों,आओ, तुम पर जान लुटाऊँ.ओ! मेरे सपनों अनजानों-तुमको मैं साकार बनाऊँ...*मैं हूँ पंख उड़ान तुम्हीं हो,मैं हूँ खेत, मचान तुम्हीं हो.मैं हूँ स्वर, सरगम हो तुम ही-मैं अक्षर हूँ गान तुम्हीं हो.ओ! मेरी...
[पूरी पोस्ट]
दिव्य नर्मदा divya narmada
samyik hindi kavita
15
0
0
0
0
[10 Mar 2010 12:15 PM]



Shuffle








