सामाजिक क्रांति के अग्रदूत: महर्षि दयानंद सरस्वती
महर्षि दयानन्द के हृदय में आदर्शवाद की उच्च भावना, यथार्थवादी मार्ग अपनाने की सहज प्रवृत्ति, मातृभूमि की नियति को नई दिशा देने का अदम्य उत्साह, धार्मिक-सामाजिक-आर्थिक तथा राजनैतिक दृष्टि से युगानुकूलचिंतन करने की तीव्र इच्छा, भारतीय जनता में गौरवमय अतीत...
[पूरी पोस्ट]
राहुल पंडित
9
0
0
0
0
[14 Feb 2010 09:07 AM]



Shuffle







