होली पर चोरी ...
मुझे याद है अपने बचपन और बाद में अपने छोकरेपन किंवा छिछोरपन में हम गाँव(नौगाँवखाल) भर से लकड़ी का सामान चोरी कर होली में जला दिए करते थे और गाँव भर की गाली खाते थे...ये आदत अब भी गयी नहीं और गाँव भर की तो नहीं पर दो साथियों की गाली शायद खानी पड़े..... पर...
[पूरी पोस्ट]
शिरीष कुमार मौर्य
विविध
7
0
0
0
0
[01 Mar 2010 03:05 AM]



Shuffle








