घूंघट खोल, बढ़के बोल

प्रेम का दरिया महिलाओं के सफल शासन की हाल की झांकी से जाहिर है कि आने वाले दौर में घूंघट की घबराहट नहीं, हौसले के बोल सुनने को मिलेंगे।देश करवट ले रहा है। यह सही है कि पंचायती शासन में अब तक ग्रामीण महिलाओं के नाम पर पुरूषों ने ही शासन किया है। लेकिन जिसने भी झिझक... [पूरी पोस्ट]
writer प्रेमचंद गांधी Prem Chand Gandhi

महिला जनप्रतिनिधि

views
17
upvote
2
downvote
0
rating
2
comments
7
[03 Feb 2010 21:18 PM]

Free Vedic Astrology From Astrobix