हंसी दर्द में लाज़मी तो है लेकिन, कोई तो चिराग़े मोहब्बत जलाये तरही मुशायरे में आज सुनिये दो नयी प्रविष्टियां मुस्तफा माहिर पंतनगरी और इस्मत ज़ैदी
तरही मुशायरा नये साल की एक बेहतरीन शुरूआत रही है । और जैसा कि हर सप्ताह किया जा रहा है । इस बार भी वही कि सप्ताह का पहला अंक नयी प्रविष्टियों का, दूसरा अंक पाठशाला के छात्रों का और तीसरा शनिवारीय अंक विशेष आमंत्रित खंड के रूप में । इस प्रकार सप्ताह...
[पूरी पोस्ट]
पंकज सुबीर
22
3
0
3
22
[17 Jan 2010 22:04 PM]



Shuffle








