लौटा रहा हूँ

मानसी जाने कितना कुछ अधूरा पड़ा होता है। कई शेर, कई बिंब, कई कहानियाँ....ऐसे ही अपनी फ़ाइल टटोलते हुये, अधूरी कहानी की कुछ पंक्तियाँ दिखीं। कभी कहानी बढ़ी नहीं...कुछ लिखने बैठो तो कई बार वह प्रवाह नहीं रह जाता और वह सेव हो कर पुरानी फ़ाइलों की भीड़ में चली जाती है।... [पूरी पोस्ट]
writer मानसी

my stories/ मेरी कहानियाँ

views
18
upvote
0
downvote
0
rating
0
comments
0
[13 Jan 2010 13:44 PM]

Free Vedic Astrology From Astrobix