भारत माता की बिंदी हु. मै हिंदी हू
हॉ मै हिंदी हू ,हिंदी हू ,हिंदी हू ,भारत माता की बिंदी हु.मै हिंदी हू.यह न पूछो के हाल मेरा कैसा है.अपनों के बिच पराये जैसा है.मिया मिट्टू भला कोई अपने मुंह बनता है.अपनी दही कों कोई खट्टी नहीं कहता है.अपना सा मुंह लेकर रह...
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HEY PRABHU YEH TERA PATH
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[14 Sep 2009 08:11 AM]



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