तलाश एक द्रोण की

Creative Kona मैं जानता हूं कि आजद्रोण मर चुका हैफ़िर भी मुझेरहती है तलाश/हर चेहरे में एक द्रोण की।मैं तलाशता हूं उसेसुबह से शाम तकशाम से रात तकदोपहर की चिलचिलाती धूप मेंबरसात के थपेड़ों के बीचकि शायद कहीं वह----।मैं उसे तलाश करता हूंविद्या मन्दिरों के विध्वंसित... [पूरी पोस्ट]
writer creativekona

कविता

views
18
upvote
0
downvote
0
rating
0
comments
0
[17 Sep 2009 08:20 AM]

Free Vedic Astrology From Astrobix