भड़ास,,,,,,,,,,

मेरे पंख,,,,,,,,,,,,,,,,, यहाँ हर कोई अपनी भड़ास -निकालना चाहता है जिसे देखो आज ब्लॉग लिखना चाहता है। सड़कों पर देखते दिखाते हार गए अब अपने अंतस को स्क्रीन पर दिखलाना चाहता है जिसे देखो वो अपनी भड़ास निकालना चाहता है।... [पूरी पोस्ट]
writer Samyak
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[06 Jul 2008 04:45 AM]

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