सिक्के की ताल पर चलती बस

कैसा देश है मेरा सिक्के की ठक... ठक... ठक... और एकाएक हवा से बातें करती बस रुक गई। ठक... की आवाज से काफी देर से रुकी बस एकदम चल पड़ी और लगातार ठक... ठक... ठक... ठक... ठक... की आवाज के बाद तो बस ने काफी देर तक रुकने का नाम ही नहीं लिया। ऐसे नजारे हम सभी लोग रोजाना देखत... [पूरी पोस्ट]
writer प्रशांत जैन
views
9
upvote
0
downvote
0
rating
0
comments
0
[04 Sep 2008 10:58 AM]

Free Vedic Astrology From Astrobix