कितना है दम चराग़ में
कितना है दम चराग़ में, तब ही पता चले फानूस की न आस हो , उस पर हवा चले फानूस = काँच का कवर लेता हैं इम्तिहान अगर, सब्र दे मुझे कब तक किसी के साथ, कोई रहनुमा चले नफ़रत की आँधियाँ कभी, बदले की आग है अब कौन लेके झंडा –ए- अमनो-वफ़ा चले चलना अगर गुनाह है,...
[पूरी पोस्ट]
श्रद्धा जैन
9
0
0
0
0
[09 Jan 2009 07:33 AM]



Shuffle








