व्यवस्था के नाम पर

हिमाल : अपना-पहाड़ अगर, मैं लीक पर चलूं तो वो खुश होंगे मेरी पीठ थप थपाएंगे क्योंकि ? ये उनकी व्यवस्था है सड़ी गली ही सही ।। अगर, मैं लीक से उठा लूं कदम तो वो भला बुरा कहेंगे धक्का देकर गिरा देंगे क्योंकि ? वो हमेशा ऐसा ही करते रहे हैं ।।... [पूरी पोस्ट]
writer जितेंद्र भट्ट

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[09 Jul 2009 10:06 AM]

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