दलित-ब्राह्मणवाद को रामबाण बनने से रोकना होगा
ये नए तरह का मनुवाद है। इसको नए तरह का ब्राह्मणवाद भी कह सकते हैं। फर्क बस इतना है कि इस ब्राह्मणवाद का कवच दलित होने पर ही मिलता है। ये दलित ब्राह्मणवाद इतना अचूक नुस्खा हो गया है कि बस एक बार हुंकारी लगाने की जरूरत है फिर पीछे-पीछे लाइन लग जाती है।...
[पूरी पोस्ट]
हर्षवर्धन
50
8
0
8
10
[25 Dec 2009 01:22 AM]



Shuffle








