ओह! यह अचानक आघात....

UDAY PRAKASH वैशाली, अपने घर आए हुए आज एक पखवाड़ा बीत गया। इन पंद्रह दिनों में हर दिन लगातार उदास और चिंतित करता गया। अपने आसपास और दूर दराज़ से आने वाली हर ख़बर बेचैनी और डर से भर देती है। कभी एम्नी सेज़ेयर की लम्बी कविता पढ़ी थी -'रिटर्न टु माई नेटिवलैन्ड'। हम अप... [पूरी पोस्ट]
writer Uday Prakash
views
34
upvote
3
downvote
0
rating
3
comments
11
[09 Dec 2009 22:40 PM]

Free Vedic Astrology From Astrobix