अंधाधुंध
अंधाधुंध हो रहे है साफ कास-कूस, झाड-फूस हो रहा महसूस, प्रधान जी है खुश जनता हो रही है नाखुश जहाँ हो रहा है शोषण जहाँ केवल मिलता है दोष फिर भी वहाँ है जाते लोग मिलता है काम केवल अपनो को वह है नाम नरेगा......
[पूरी पोस्ट]
Dhiraj Shah
12
0
0
0
2
[08 Nov 2009 19:17 PM]



Shuffle








