जीवन का आधार

हिन्दी मैं मस्ती जब एक प्रेम का धागा जुड़ता है, दिल का कमल तब ही खिलता है देखता है खुदा भी आसमान से जमीन पर जब एक दिल दूसरे से बेपनाहा मोहब्बत करता है सुलगने लगता है तब धरती का सीना भी जब कोई आसमान बन के बाहो में पिघलता है लिखी जाती है तब एक दस्तान-ए -मोहब्बत तब कही... [पूरी पोस्ट]
writer Nirbhay Jain
views
15
upvote
0
downvote
0
rating
0
comments
0
[02 Nov 2009 03:29 AM]

Free Vedic Astrology From Astrobix