रहीम के दोहे-पानी निभाता है दूध से मित्रता (milk and water-rahim ke dohe)
जलहि मिलाइ रहीम ज्यों, कयों आपु सग छीर अगवहि आपुहि आप त्यों, सकल आंच की भीर।। भावार्थ- कविवर रहीम कहते हैं कि दूध अपने साथ पानी को मिलाकर अंतरंग बना लेता है। जब आग की आंच आती है तो पानी अपना साथ निभाते हुए दूध को तब तक बचाता है जब तक स्वयं स्वाह नहीं...
[पूरी पोस्ट]
दीपक भारतदीप
dharm
37
0
0
0
0
[23 Oct 2009 18:43 PM]



Shuffle







