-- शुभ दीपावली --
रौशनी का पर्व है आया इस वर्ष फिर से. घर-घर, गली-कूचे रंगों से चमके हैं रौशनी से दमके हैं. गली-कूचे कुछ ऐसे भी हैं जो चमके हैं न दमके. आओ रौशनी का एक दिया उस अँधेरी चौखट पे रखदें. कुछ अँधेरी ज़िन्दगियों को इस पर्व पे रोशन करदें. -- शुभ दीपावली -- --नीर...
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●๋• नीर ஐ
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[16 Oct 2009 04:32 AM]



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