महुअरिया की गंध

Creative Kona कमलेश्वर के हाथ में पेग देख मानिक चुप न रह सका—‘हम गंवई गांव का मानुस है मालिक। यह लाल रंग देखकर हमें अपने गांव का कमल ताल याद होइ आय रहा है।ऊ लाल लाल कमल ला फ़ूल,पुरवा के हिलोर पर उनका नाचना। जैसे ऊ ललाई ई बोतल में आय के बंद होय गई है।मालिक,अब गांव न... [पूरी पोस्ट]
writer creativekona
views
7
upvote
0
downvote
0
rating
0
comments
0
[08 Oct 2009 15:30 PM]

Free Vedic Astrology From Astrobix