घंटाभंगुर बिजली

आलोक पुराणिक की अगड़म बगड़म बिजली दर्शन से जुड़े कतिपय महत्वपूर्ण पहलू इस प्रकार हैं- जीवन क्षणभंगुरम् च बिजली घंटा भंगुरम् ज्ञानी पुरुषस्य यह लक्षणम्,ना बिजली आने की खुशी, ना बिजली जाने का गम भावार्थ-जीवन क्षणभंगुर है और बिजली घंटाभंगुर है। अभी आयी है, अभी चली जायेगी। कहां से... [पूरी पोस्ट]
writer alok

Hindihindi satireelectricityहास्य-व्यंग्यcorruption

views
49
upvote
3
downvote
0
rating
3
comments
8
[13 Jul 2009 19:13 PM]

Free Vedic Astrology From Astrobix