शोक के निजी पलों का क्रूर तमाशा

UDAY PRAKASH आजकल कीर्तियां भी इस आधार पर बनती हैं कि किसने किस पर प्राणघातक यानी छविभंजक हमला किया। कुछ आलोचक तो ऐसे मिल जाएंगे जिन्होंने सिवाय इसके कुछ और आलोचना में किया ही नहीं है। इसका भी महत्व कम होता जा रहा है कि आपकी दृष्टि क्या है। विचारधारा के समापन का... [पूरी पोस्ट]
writer Uday Prakash
views
39
upvote
6
downvote
0
rating
6
comments
3
[12 Jul 2009 14:39 PM]

Free Vedic Astrology From Astrobix