निर्मल वर्मा- बुखार
यूं तो मैं निर्मल वर्मा की हर रचना पर कुछ लिखना चाहता हूँ... पर अभी-अभी पढ़ी उनकी कहानी ’बुखार...’ पढ़ी, इच्छा हुई कि यूं ही कुछ इसके बारे में लिखू...। इतनी सरलता से यह कहानी खिसकते-खिसकते भीतर ऎसी जगह जाकर बैठ जाती है कि आपको लगता है कि आप कोई बहुत...
[पूरी पोस्ट]
मानव
26
4
0
4
5
[17 Jun 2009 07:54 AM]



Shuffle








