व्यंग्य- हे मक्खन, तू जिंदाबाद !!
जनाब मुझसे मिलिए! मैं हूं अबस विभाग का छत्रपति साहब!घूमती कुर्सी पर बैठ सभी को अपने आगे-पीछे घुमानेवाला। यार-दोस्तों, सगे-संबंधियों की घर में लिस्ट बना सुबह दफ्तर आते ही दफ्तर के फोन से उन्हें फोन पर फोन कर चैन पाने वाला। हमेशा सभी को आदेश देने वाला!...
[पूरी पोस्ट]
नियंत्रक । Admin
vyangya
21
1
0
1
3
[11 Jun 2009 10:47 AM]



Shuffle








