स्वछन्द
तेरा हाथ
मेरा हाथ
मेरे तुम
तेरे हम
मैं और तू
तू ही तू
स्याह रात
तेरा साथ
तेरे आस
मेरे सांस
घर द्वार
आँगन बाड़
ये झोंका
तेरे केश
कुछ बूँदें
दो आँखें
पायल छम्म
बूंदे झम्म
यह विवाह
आह और वाह
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कौतुक
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[10 Jun 2009 08:07 AM]



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