कहीं तुम आ तो नहीं गई।
हर आहट, एक-एक आहट एक दस्तक, कई आवाज़े दूसरी मंजिल पर पहुंचती सड़क से गुजरने वाले रिक्शो पर लगे घुंघरुओं की आवाज़। दूर से, दूर तक सुनाई देती, एक-एक आहट। दूसरी मंजिल पर सुनाई पड़ती सड़क से गुजरने वालों की आहट, उनकी पदचाप। हर एक आहट बुलावा देती,एक भ्रम...
[पूरी पोस्ट]
Nitish Raj
39
7
0
7
3
[08 May 2009 03:06 AM]



Shuffle








