सोच का अन्तर

Bas Yun Hi Nahin यत्र-तत्र सर्वत्र घूमनेवाले दो साधू एक नदी के किनारे से गुजर रहे थे। नदी किनारे एक युवती थी। उसे नदी पार करना था। परन्तु उस समय वहां कोई नाव नहीं थी और नदी का पानी भी बहुत गहरा था। उसे तैरना भी नहीं आता था। लिहाजा, वह नदी पार कर नहीं पा रही थी। दोनों... [पूरी पोस्ट]
writer Vibha Rani

साधू और युवती

views
17
upvote
2
downvote
0
rating
2
comments
0
[09 Mar 2009 00:46 AM]

Free Vedic Astrology From Astrobix