मुझे जीने दो

मेरी आवाज़ मुझे जीने दो मुझे जीना है मुझे जीने दो हे जननी तुम तो समझो मुझे दुनिया मे आने तो दो तुम जननी हो माँ केवल एक बार तो मान लो मेरा भी कहना नही सह सकती मैं और बार-बार अब और नही मर सकती मैं कोई तो मुझे दे दो घर में शरण अपावन नही हैं मेरे चरण क्यों हर बार म... [पूरी पोस्ट]
writer सीमा सचदेव

मुझे जीने दो

views
19
upvote
0
downvote
0
rating
0
comments
4
[10 Feb 2009 06:55 AM]

Free Vedic Astrology From Astrobix