दास्तान-ए-यायावरी

अपनी बात आधुनिक कथेतर गद्य विधाओं में यात्रा वृत्तांत भी प्राचीन साहित्यिक विधा है। समय के साथ इसके स्वरूप और चरित्र में बदलाव होते रहे हैं। इतिहास, आत्म चरित्र आदि के प्रति अनास्था और उदासीनता के कारण भारत में यात्रा वृत्तांतों की समृद्ध और निरंतर परंपरा नही... [पूरी पोस्ट]
writer डॉ.माधव हाड़ा
views
19
upvote
0
downvote
0
rating
0
comments
2
[21 Jan 2009 06:08 AM]

Free Vedic Astrology From Astrobix